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Full text of "Gazette of India - Extraordinary, 2018-10-25, Part II-Section 3-Sub-Section(ii)"

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रजिस्ट्री सं० डी० एल० - 33004/ 99 


_ REGD.NO.D.L.3004/99 


REGD . NO . D . L.- 33004/99 


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MESS 


- 


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HERE 


SIP 


सत्यमेव जयते 


भारत का राजपत्र 
The Gazette of India 


असाधारण 
EXTRAORDINARY 
भाग II – खण्ड 3 — उप - खण्ड (ii) 
PART II — Section 3 — Sub -section ( ii ) 

प्राधिकार से प्रकाशित 

PUBLISHED BY AUTHORITY 
नई दिल्ली, बृहस्पतिवार , अक्तूबर 25 , 2018/ कार्तिक 3 , 1940 
NEW DELHI, THURSDAY, OCTOBER 25, 2018 /KARTIKA 3, 1940 


सं . 4187 ] 
No. 4187 ] 


विधि और न्याय मंत्रालय 
(विधायी विभाग ) 

अधिसूचना 

नई दिल्ली , 25 अक्तूबर , 2018 
का . आ. 5392( अ). राष्ट्रपति द्वारा किया गया निम्नलिखित आदेश सर्वसाधारण की जानकारी के लिए प्रकाशित किया 
जाता है: 

आदेश 

15 अक्तूबर , 2018 
श्री विभोर आनंद (जिसे इसमें इसके पश्चात् “याची” कहा गया है) ने अधोहस्ताक्षरी को तारीख 21 जून, 2016 को एक 
याचिका प्रस्तुत की है जिसमें यह अभिकथन किया गया है कि सुश्री अल्का लांबा और 26 अन्य , दिल्ली विधान सभा के सदस्य 
(जिन्हें इसमें इसके पश्चात् “प्रत्यर्थी” कहा गया है) दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन अधिनियम , 1991 की धारा 
15 (1)(क) के अधीन निरर्हता से ग्रस्त हो गए हैं । 

और, याची ने यह अभिकथन किया है कि निम्नलिखित प्रत्यर्थीगण , अर्थात् : 
( 1) सुश्री अल्का लांबा (ए. सी.- 20, चांदनी चौक ) 
( 2 ) श्री शिव चरण गोयल ( ए. सी .- 25 , मोती नगर ) 
( 3) श्री जगदीप सिंह ( ए. सी .-28, हरि नगर ) 
( 4) सुश्री बंदना कुमारी ( ए. सी .-14, शालीमार बाग ) 
( 5) श्री अजेश यादव (ए. सी .-5, बादली ) 
( 6) श्री एस. के. बग्गा ( ए. सी .-60, कृष्णा नगर ) 
( 7) श्री जितेंद्र सिंह तोमर ( ए. सी .- 16, त्रिनगर ) 


6219 GI/ 2018 


THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY 


[ PART II _ SEC . 3 (ii) ] 


( 8 ) श्री राजेश ऋषि (ए. सी .-30, जनकपुरी ) 
( 9) श्री राजेश गुप्ता (ए. सी .- 17 , वजीरपुर ) 
( 10) श्री राम निवास गोयल ( ए. सी .-62, शाहदरा ) 
( 11) श्री विशेष रवि ( ए. सी .-23, करोल बाग ) 
( 12) श्री जरनैल सिंह (ए. सी .- 27, राजौरी गार्डन ) 
( 13) श्री नरेश यादव ( ए. सी .-45, महरौली ) 
(14) श्री नितिन त्यागी ( ए. सी .-58, लक्ष्मी नगर ) 
( 15 ) श्री वेद प्रकाश ( ए. सी .- 7 , बवाना ) विधान सभा की सदस्यता से अप्रैल, 2017 में त्यागपत्र दे दिया था । 
( 16) श्री सोमनाथ भारती ( ए. सी .- 43, मालवीय नगर ) 
( 17 ) श्री पंकज पुष्कर (ए. सी .-3, तिमारपुर ) 
(18 ) श्री राजेंद्र पाल गौतम ( ए. सी .- 63, सीमापुरी ) 
(19) श्री कैलाश गहलोत (ए.सी.-35 , नजफगढ़ ) 
( 20) श्री हजारी लाल चौहान (ए. सी .-24, पटेल नगर ) 
( 21) श्री शरद कुमार चौहान ( ए. सी .-1, नरेला ) 
( 22 ) श्री मदन लाल ( ए . सी .-42, कस्तूरबा नगर ) 
( 23 ) सुश्री राखी बिरला (ए. सी .-12 , मंगोलपुरी ) 
( 24 ) श्री मोहम्मद इशराक (ए. सी .-65, सीलमपुर ) 
( 25 ) श्री अनिल कुमार बाजपेयी ( ए. सी .- 61, गांधी नगर ) 
( 26 ) श्री सुरेन्द्र सिंह ( ए. सी .- 38 , दिल्ली कैंटोनमेंट ) 
( 27) श्री मोहिंदर गोयल (ए. सी .-6, रिठाला ) 

दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र सरकार (जिसे इसमें इसके पश्चात् “ जीएनसीटीडी ” कहा गया है ) के अस्पतालों में 
रोगी कल्याण समिति में अध्यक्ष का पद लेने से “लाभ का पद ” धारण करने के लिए निरहित होने के दायी हैं क्योंकि अध्यक्ष के 
रूप में ये 27 विधानसभा सदस्य इन अस्पतालों के दिन - प्रतिदिन के प्रशासन में हस्तक्षेप करने की स्थिति में हैं । याची ने यह 
निवेदन किया है कि रोगी कल्याण समिति (जिसे इसमें इसके पश्चात् “ आर. के . एस .” कहा गया है )/ अस्पताल प्रबंधन समितियां 
2005 में राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के अधीन लोक स्वास्थ्य प्रसुविधाओं, भागीदारी वृद्धि और उत्तरदायित्व बढाने के लिए , 
कार्यकरण और सेवा सुधार का उपबंध करने के लिए एक फोरम के रूप में प्रारंभ की गई थीं । तथापि , दिल्ली सरकार ने अपने 
कार्यकारी/स्थायी आदेशों के माध्यम से इस स्कीम के आदेश के उल्लंघन में 2009 में सभी अस्पतालों में संबद्ध क्षेत्र के एम . एल. ए 
(विधान सभा सदस्य ) की अध्यक्षता के अधीन शासी निकाय वाली रोगी कल्याण समिति के गठन का अनुमोदन किया है क्योंकि 
रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष का पद केवल कोई संसद सदस्य , जिला पंचायत अध्यक्ष , जिला मजिस्ट्रेट या भार -साधक मंत्री 
ही धारण कर सकता है और रोगी कल्याण समिति के लिए मार्गदर्शक सिद्धांतों के अनुसार स्थानीय क्षेत्र का विधान सभा सदस्य 
शासी निकाय का केवल एक सामान्य सदस्य ही हो सकता है । उसने यह और निवेदन किया है कि 12. 5. 2015 को दिल्ली 
सरकार के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री श्री सतेन्द्र जैन ने सभी सरकारी अस्पतालों को प्रत्येक अस्पताल की रोगी कल्याण 
समिति के अध्यक्ष को कार्यालय स्थान उपलब्ध कराने हेतु निदेश जारी किए थे । 

___ और , उक्त याचिका को दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन अधिनियम, 1991 की धारा 15 के अधीन 
यथाअपेक्षित , भारत निर्वाचन आयोग को उसकी राय के लिए भेज दिया गया था । 

और , भारत निर्वाचन आयोग ने मामले की जांच की तथा दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र के मुख्य सचिव से कतिपय 
जानकारी मांगी थी । सचिव, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग ने सूचित किया है कि तारीख 22. 4. 2015 के आदेश के 
अनुसार 28 आर. के . एस . थीं और 27 नहीं थीं और यह भी सूचित किया है कि आर . के . एस . का अध्यक्ष संबद्ध अस्पताल में 
कार्यालय स्थान के अलावा किसी वेतन या उपलब्धियों या किसी प्रकार की परिलब्धियों का हकदार नहीं था तथा उसके द्वारा 
आर. के. एस .के अध्यक्ष की शक्तियों की प्रकृति और कृत्यों का भी वर्णन किया गया है । 


[ भाग II - खण्ड 3(ii) ] 

भारत का राजपत्र : असाधारण 
और, दिल्ली विधान सभा सदस्य (निरर्हता को हटाना ) अधिनियम , 1997 में , अधिनियम की अनुसूची में कतिपय पदों 
के संबंध में विनिर्दिष्ट “ लाभ का पद " धारण करने से उद्भूत निर्रहता को हटाने का उपबंध है । अनुसूची की मद 11 में अस्पताल 
सलाहकार समिति दिल्ली के अध्यक्ष , उपाध्यक्ष और सदस्य के पद के लिए छूट उपबंधित है। जीएनसीटीडी ने यह निवेदन किया 
है कि अस्पताल सलाहकार समिति को लागू छूट रोगी कल्याण समिति पर भी लागू होगी क्योंकि दोनों में ऐसा मूलभूत संबंध है 
कि अस्पताल सलाहकार समिति को रोगी कल्याण समिति से प्रतिस्थापित किया गया है और दोनों एक जैसे कृत्य करती हैं । 
तथापि, यह नोट करना अत्यंत आवश्यक है कि उक्त अधिनियम की अनुसूची की मद 14 में अध्यक्ष के पद , निदेशक या किसी 
कानूनी या गैर कानूनी निकाय या समिति या निगम या राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र दिल्ली द्वारा गठित सोसाइटी के किसी 
सदस्य के लिए छूट उपबंधित है , इसमें यह भी उपबंधित है कि अध्यक्ष , निदेशक या उपरोक्त बोर्ड या निकाय का कोई सदस्य 
प्रतिकरात्मक भत्ते से भिन्न किसी अन्य पारिश्रमिक का हकदार नहीं होगा । दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र सरकार से प्राप्त 
प्रत्युत्तरों को ध्यान में रखते हुए , उपरोक्त नोट किए गए अनुसार , यह स्पष्ट है कि रोगी कल्याण समिति दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी 
राज्यक्षेत्र सरकार द्वारा गठित है और इसके अध्यक्ष किसी पारिश्रमिक के हक 

है और इसके अध्यक्ष किसी पारिश्रमिक के हकदार नहीं हैं और इसलिए अधिनियम की अनुसूची 
की मद 14 द्वारा प्रदान की गई छूट के अधीन हैं । 

___ और, भारत निर्वाचन आयोग ने याचिका की जांच के पश्चात् 10 जुलाई , 2018 को अपनी राय दी है और यह अभिमत 
व्यक्त किया है कि सुश्री अल्का लांबा और 26 अन्य , दिल्ली विधान सभा के सदस्य , दिल्ली विधान सभा सदस्य (निरर्हता को 
हटाना ) अधिनियम , 1997 की अनसची की मद 14 को ध्यान में रखते हए . दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन 
अधिनियम , 1991 की धारा 15 ( 4) के अधीन लाभ का पद धारण करने की किसी निरर्हता से ग्रस्त नहीं हैं । तारीख 10 जुलाई , 
2018 की भारत निर्वाचन आयोग की राय की प्रति इससे उपाबद्ध है; 

___ अत:, अब , मैं , राम नाथ कोविन्द, भारत का राष्ट्रपति , मामले पर विचार करते हुए, दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र 
शासन अधिनियम , 1991 की धारा 15( 4) के अधीन मुझे प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए , भारत निर्वाचन आयोग द्वारा 
अभिव्यक्त राय को ध्यान में रखते हुए यह अभिनिर्धारित करता हूँ कि सुश्री अल्का लांबा और 26 अन्य, दिल्ली विधान सभा के 
सदस्यों की अभिकथित निरर्हता के प्रश्न पर श्री विभोर आनंद द्वारा तारीख 21 जून , 2016 को फाइल की गई याचिका चलाने 
योग्य नहीं है । 

भारत का राष्ट्रपति 


राष्ट्रपति के आदेश का उपाबंध 
भारत निर्वाचन आयोग 

निर्वाचन सदन 

अशोक रोड , नई दिल्ली- 110001 
2016 का निर्देश मामला सं. ( पी ) 
[ भारत के राष्ट्रपति से दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन अधिनियम, 1991 की धारा 15( 4) के अधीन निर्देश] 
संदर्भ : 2016 का निर्देश मामला सं. 3 ( पी ) - भारत के माननीय राष्ट्रपति से दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन 

अधिनियम , 1991 की धारा 15( 4 ) के अधीन निर्देश प्राप्त हुआ जिसमें भारत निर्वाचन आयोग से श्रीमती अल्का लांबा 
और 26 अन्य , दिल्ली विधान सभा के सदस्यों की अभिकथित निरर्हता के प्रश्न पर दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र 
शासन अधिनियम , 1991 की धारा 15( 1 ) ( क ) के अधीन रोगी कल्याण समिति में अध्यक्ष का पद लेने पर “ लाभ का 
पद ” धारण करने के लिए राय मांगी है । 


1. यह तारीख 11. 10. 2016 का निर्देश है जो भारत के राष्ट्रपति से 14. 10 . 2016 को प्राप्त हुआ था जिसमें दिल्ली राष्ट्रीय 
राजधानी राज्यक्षेत्र शासन अधिनियम , 1991 की धारा 15 के अधीन भारत निर्वाचन आयोग से श्री विभोर आनंद , ओल्ड 
राजेन्द्र नगर , नई दिल्ली (जिसे इसमें इसके पश्चात् “ याची ” कहा गया है) द्वारा 21. 6. 2016 को फाइल किए गए अभ्यावेदन पर 
निम्नलिखित दिल्ली विधान सभा सदस्यों (जिन्हें इसमें इसके पश्चात् "प्रत्यर्थी” कहा गया है ) की निरर्हता चाही गई है , के संबंध में 
राय मांगी है: 

( 1) सुश्री अल्का लांबा (ए. सी .-20, चांदनी चौक ) 
( 2) श्री शिव चरण गोयल ( ए. सी .- 25 , मोती नगर ) 
( 3) श्री जगदीप सिंह (ए. सी .-28, हरि नगर ) 


THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY 


[ PART II _ SEC . 3 (ii ) ] 


( 4) सुश्री बंदना कुमारी (ए. सी .-14, शालीमार बाग ) 
( 5) श्री अजेश यादव (ए. सी .-5, बादली ) 
( 6) श्री एस. के. बग्गा ( ए. सी .- 60, कृष्णा नगर ) 
( 7) श्री जितेंद्र सिंह तोमर (ए. सी .-16, त्रिनगर ) 
( 8) श्री राजेश ऋषि (ए.सी.- 30, जनकपुरी ) 
( 9) श्री राजेश गुप्ता (ए. सी .-17, वजीरपुर ) 
( 10) श्री राम निवास गोयल ( ए. सी .-62, शाहदरा ) 
( 11) श्री विशेष रवि ( ए. सी .- 23, करोल बाग ) 
( 12) श्री जरनैल सिंह (ए. सी .-27, राजौरी गार्डन ) 
( 13) श्री नरेश यादव ( ए. सी .- 45 , महरौली ) 
(14) श्री नितिन त्यागी (ए.सी.-58, लक्ष्मी नगर ) 
( 15) श्री वेद प्रकाश ( ए. सी .-7, बवाना) 
( 16) श्री सोमनाथ भारती (ए. सी .-43, मालवीय नगर ) 
( 17 ) श्री पंकज पुष्कर ( ए. सी.-3, तिमारपुर ) 
( 18) श्री राजेंद्र पाल गौतम (ए.सी.-63, सीमापुरी ) 
(19) श्री कैलाश गहलोत (ए. सी .- 35 , नजफगढ़ ) 
( 20 ) श्री हजारी लाल चौहान (ए. सी.-24, पटेल नगर ) 
( 21 ) श्री शरद कुमार चौहान ( ए. सी .-1, नरेला ) 
( 22 ) श्री मदन लाल (ए. सी .- 42 , कस्तूरबा नगर ) 
( 23) सुश्री राखी बिरला (ए. सी .-12, मंगोलपुरी ) 
( 24 ) मोहम्मद इशराक (ए. सी .- 65, सीलमपुर ) 
( 25) श्री अनिल कुमार बाजपेयी (ए. सी .-61, गांधी नगर ) 
( 26 ) श्री सुरेन्द्र सिंह ( ए. सी .- 38, दिल्ली कैंटोनमेंट ) 

( 27 ) श्री मोहिंदर गोयल ( ए. सी .-6, रिठाला ) 
2. याची ने अभिकथन किया है कि उपरोक्त नामित प्रत्यर्थीगण दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र सरकार (जिसे इसमें इसके 
पश्चात् जीएनसीटीडी) के अस्पतालों में रोगी कल्याण समिति में अध्यक्ष का पद लेने पर “ लाभ का पद ” धारण करने के लिए 
निरहित होने के दायी हैं क्योंकि ये 27 एम . एल . ए. अध्यक्ष के रूप में इन अस्पतालों के दिन - प्रतिदिन के प्रशासन में हस्तक्षेप 
करने की स्थिति में हैं । 
3. याची ने यह निवेदन किया है कि रोगी कल्याण समिति (जिसे इसमें इसके पश्चात् “ आर .के. एस .” कहा गया है)/ अस्पताल 
प्रबंधन समितियां 2005 में राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के अधीन लोक स्वास्थ्य प्रसुविधाओं, भागीदारी वृद्धि और 
उत्तरदायित्व बढाने के लिए, कार्यकरण और सेवा सुधार का उपबंध करने के लिए एक फोरम के रूप में प्रारंभ की गई थीं । 
तथापि , दिल्ली सरकार ने अपने कार्यपालिक /स्थायी आदेशों के माध्यम से इस स्कीम के आदेश के उल्लंघन में 2009 में सभी 
अस्पतालों में संबद्ध क्षेत्र के एम. एल . ए. (विधान सभा सदस्य ) की अध्यक्षता के अधीन शासी निकाय वाली रोगी कल्याण समिति 
के गठन का अनुमोदन किया है क्योंकि रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष का पद केवल कोई संसद सदस्य , जिला पंचायत अध्यक्ष , 
जिला मजिस्ट्रेट या भारसाधक मंत्री धारण कर सकता है और कल्याण समिति के लिए मार्गदर्शक सिद्धांतों के अनुसार स्थानीय 
क्षेत्र का विधान सभा सदस्य शासी निकाय का सामान्य सदस्य ही हो सकता है । उसने यह और निवेदन किया है कि 
12.5. 2015 को दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री श्री सतेन्द्र जैन ने सभी सरकारी अस्पतालों को प्रत्येक 
अस्पताल की रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष को कार्यालय स्थान उपलब्ध कराने हेतु निदेश जारी किए थे । 
1 श्री वेदप्रकाश ने विधान सभा की सदस्यता से अप्रैल , 2017 में त्यागपत्र दे दिया था । 


[ भाग II - खण्ड 3 (ii ) ] 


भारत का राजपत्र : असाधारण 


4 . आयोग ने अपने नोटिस तारीख 01. 11. 2016 द्वारा प्रत्यर्थियों को अपने लिखित निवेदन प्रस्तुत करने के लिए बुलाया तथा 
उनमें से दो प्रत्यर्थियों ने अपना लिखित कथन 11.11. 2016 को फाइल किया । अपने लिखित कथन में 8 प्रत्यर्थियों अर्थात् 
प्रत्यर्थी सं . 4 - सुश्री बंदना कुमारी, प्रत्यर्थी सं . 6 - श्री एस .के . बग्गा , प्रत्यर्थी सं .7 - श्री जितेंद्र सिंह तोमर , प्रत्यर्थी सं . 8- श्री राजेश 
ऋषि, प्रत्यर्थी सं . 12 श्री जरनैल सिंह, 29-ए. सी . से विधायक , प्रत्यर्थी सं. 13- श्री नरेश यादव , प्रत्यर्थी सं. 17 श्री पंकज पुष्कर 
और प्रत्यर्थी सं . 26 श्री सुरेन्द्र सिंह ने यह प्रस्तुत किया है कि उन्हें जीएनसीटीडी के किसी चिकित्सालय की किसी रोगी कल्याण 
समिति के अध्यक्ष के रुप में नियुक्त नहीं किया गया है । प्रत्यर्थी सं . 4 और 7 ने अपने निवेदन के समर्थन में साक्ष्य के रुप में राज्य 
कार्यक्रम प्रबंधक, दिल्ली राज्य स्वास्थ्य मिशन द्वारा जारी रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष के रुप में विधायकों की सूची भी 
संलग्न की है । इस सूची को पढ़ने पर यह दर्शित होता है कि दो प्रत्यार्थियों में से जिन्होंने अपना उत्तर फाइल नहीं किया है अर्थात् 
- प्रत्यार्थी सं . 10 श्री राम निवास गोयल और प्रत्यर्थी सं . 16 श्री सोमनाथ भारती , प्रत्यर्थी सं . 10 का नाम सूची में भी नहीं है । 
तथापि, प्रत्यर्थी सं . 16 - श्री सोमनाथ भारती का नाम सूची में है, जिसके बावजूद भी उन्होंने कोई उत्तर फाइल नहीं किया है । 
5 . आयोग ने अपने पत्र सं . 113/3/ ईसीआई/ एलईटी / एफयूएनसी / जेयूडी/ आरसीसी/ 2016 / 550 तारीख 11. 11. 2016 द्वारा 
दिल्ली एनसीटी के मुख्य सचिव से इस संबंध में कतिपय जानकारी चाही थी । आयोग के प्रश्न के उत्तर में सचिव , स्वास्थ्य और 
परिवार कल्याण विभाग जीएनसीटीडी ने मुख्य सचिव के अनुमोदन से पत्र फा . सं. 1 ( एमआईएससी)/ सीटीबी/ एचएंडएफडब्ल्यू / 
2013/ पीटी - II / 3325 तारीख 04. 01. 2017 द्वारा उत्तर दिया जिसमें उन्होंने जानकारी दी है कि आदेश तारीख 22.04. 2015 
के अनुसार 28 रोगी कल्याण समितियां थीं न कि 27 और उन्होंने तारीख 22.04.2015 का उक्त आदेश साथ भेजा है । उन्होंने 
यह भी कथन किया है कि रोगी कल्याण समिति का अध्यक्ष संबंधित चिकित्सालय में कार्यालय के स्थान के अलावा किसी भी 
प्रकार के वेतन या उपलब्धियों या किसी भी प्रकार के भत्तों का हकदार नहीं था तथा उन्होंने रोगी कल्याण समिति की शक्तियों 
और कृत्यों की प्रकृति के बारे में भी समझाया । 
6. इस समय यह जानना भी प्रांसगिक है कि जीएनसीटीडी द्वारा प्रदान की गई रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष के रुप में 
नियुक्त किए गए व्यक्तियों की सूची को पढ़ने पर यह दर्शित होता है कि प्रत्यर्थी सं . 6 श्री एस . के. बग्गा का यह दावा कि उन्हें 
उक्त पद पर कभी भी नियुक्त नहीं किया गया , असत्य सिद्ध हो गया है । इसके अतिरिक्त 9 अन्य विधायक थे, जो रोगी कल्याण 
समिति के उक्त पद पर नियुक्त किए गए थे तथापि याची द्वारा फाइल किए गए प्रतिवेदन तारीख 21 .06. 2016 में उनका नाम 
नहीं था । इस समय यह उल्लेख करना भी प्रासंगिक है कि याची ने आयोग को सीधे ही एक अतिरिक्त आवेदन तारीख 
30 .03. 2017 को प्रस्तुत किया था जिसमें उसने अपने प्रतिवेदन तारीख 21.06. 2016 में दिए गए व्यक्तियों के नामों को 
परिवर्तित करने के लिए प्रार्थना की थी । 
7. जीएनसीटीडी से उत्तर तारीख 04.01. 2017 की प्राप्ति के पश्चात् , आयोग ने पत्र सं . 113/3/ ईसीआई / एलईटी / 
एफयूएनसी / जेयूडी/ आरसीसी/ 2016/ 666 तारीख 20. 01. 2017 द्वारा और जांच की । सचिव , स्वास 
विभाग के जीएनसीटीडी ने पत्र फा .सं . 1( एमआईएससी) | सीटीबी / एचएंडएफडब्ल्यू | 2013 | पीटीII/ 
पीआरएसईसीवाईएचटीडब्ल्यू /468 तारीख 01. 05 .2017 द्वारा उत्तर दिया जिसमें यह कथन किया गया कि मंत्रिमंडल के 
विनिश्चय तारीख 05.10. 2009 द्वारा जीएनसीटीडी ने अस्पताल सलाहकार समिति को बदलने के लिए रोगी कल्याण समिति 
के गठन का अनुमोदन किया था और उक्त मंत्रिमंडल विनिश्चय में यह विशेष रुप से उल्लेख किया गया था कि चिकित्सालय 
सलाहकार समिति के स्थान पर रोगी कल्याण समिति बनेगी और रोगी कल्याण समिति के गठन के साथ चिकित्सालय 
सलाहकार समिति विद्यमान नहीं होगी यह तथ्य राजपत्र अधिसूचना फा . सं.3/ एनआरएचएम/ एडीडीएल ./ जीएन/ 288 / 
डीएसएचएम/09-10/ 646, तारीख 19.02. 2010 से भी प्रकट होता है जिसके द्वारा रोगी कल्याण समितियों का गठन किया 
गया । 
8. जीएनसीटीडी से उत्तर तारीख 01. 05. 2017 की प्राप्ति के पश्चात् , आयोग ने पत्र सं. 113 / 3 / ईसीआई / एलईटी / 
एफयूएनसी / जेयूडी / आरसीसी 2016/ 15 तारीख 26. 05. 2017 द्वारा और जांच की । विशेष सचिव , स्वास्थ्य और परिवार 
कल्याण विभाग जीएनसीटीडी ने संबंधित सचिव के अनुमोदन से पत्र सं. फा . सं. 1 (एमआईएससी)/ सीटीबी/एचएंडएफडब्ल्यू 
| 2013 / 1706 तारीख 04.09. 2017 द्वारा उत्तर दिया जिसमें उन्होंने कहा कि अस्पताल सलाहकार समिति का गठन करने 
वाले सरकार के संकल्प की प्रति उपलब्ध नहीं है क्योंकि मूल फाइल नहीं मिल पा रही है । तथापि, जीएनसीटीडी ने उपलब्ध 
अभिलेखों के आधार पर अस्पताल सलाहकार समिति के गठन और कृत्यों के बारे में सूचित किया है । 


THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY 


[ PART II _ SEC . 3(ii )] 


9. जीएनसीटीडी से उत्तर तारीख 04 .09. 2017 की प्राप्ति के पश्चात् , आयोग ने पत्र सं . 113/ 3 / ईसीआई/ एलईटी / 
एफयूएनसी/ जेयूडी/ आरसीसी/ 2016/ 526 तारीख 14. 11. 2017 द्वारा और जांच की । विशेष सचिव , स्वास्थ्य और परिवार 
कल्याण विभाग जीएनसीटीडी ने पत्र सं . एफ . 1 ( एमआईएससी)/ सीटीबी/ एचएंडएफडब्ल्यू/ 2013/ 29 - 31 तारीख 
28. 11. 2017 द्वारा उत्तर दिया जिसमें उन्होंने दोहराया कि अस्पताल सलाहकार समिति का गठन करने वाले सरकार के संकल्प 
की प्रति उपलब्ध नहीं है क्योंकि मूल फाइल नहीं मिल पा रही है । 
विश्लेषण 
10. आयोग ने याची द्वारा फाइल किए गए प्रतिवेदन तारीख 21.06. 2016 और आवेदन तारीख 30.03. 2017 तथा प्रत्यर्थियों 
द्वारा 11.11. 2016 को फाइल किए गए उत्तर को और इस आयोग द्वारा की गईं जांच के अनुसार जीएनसीटीडी द्वारा भेजी गई 
जानकारी को पढ़ा है और उस पर विचार किया है । 
11. जहां तक याची द्वारा तारीख 30 .03. 2017 को फाइल किए गए अतिरिक्त आवेदन का संबंध है , वह खारिज किए जाने का 
दायी है क्योंकि इससे विधान सभा के उन नए सदस्यों का नाम लेकर निर्देश के दायरे को बढ़ाने का प्रयास किया गया है जिनके 
संबंध में माननीय भारत के राष्ट्रपति से कोई निर्देश प्राप्त नहीं हुआ है । 
12. दिल्ली विधान सभा सदस्य (निरर्हता को हटाना) अधिनियम , 1997 (जिसे इसमें इसके पश्चात् “ अधिनियम ” कहा गया है), 
अधिनियम की अनुसूची में विहित कतिपय पदों के संबंध में “लाभ के पद” धारण करने से उद्भूत होने वाली निरर्हता को हटाने 
का उपबंध करता है । अनुसूची की मद 11 अस्पताल सलाहकार समिति के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और सदस्य के पद को छूट का 
उपबंध करती है । जीएनसीटीडी ने यह निवेदन किया है कि अस्पताल सलाहकार समिति को लागू छूट रोगी कल्याण समिति पर 
भी लागू होगी क्योंकि दोनों में ऐसा मूलभूत संबंध है कि अस्पताल सलाहकार समिति को रोगी कल्याण समिति से प्रतिस्थापित 
किया गया है और दोनों एक जैसे कृत्य करती हैं । तथापि, यह नोट करना आवश्यक है कि पद के नाम में परिवर्तन को कानूनी 
निर्वचन के किसी साधन द्वारा कानूनी पुस्तक में नहीं पढ़ा जा सकता और इसलिए यह नहीं कहा जा सकता कि अस्पताल 
सलाहकार समिति को उपलब्ध छूट रोगी कल्याण समिति को भी उपलब्ध है । तथापि, यह नोट करना अत्यंत आवश्यक है कि 
अधिनियम की अनुसूची की मद 14 में अध्यक्ष ,निदेशक या किसी कानूनी या अकानूनी निकाय या समिति या निगम या राष्ट्रीय 
राजधानी राज्यक्षेत्र दिल्ली द्वारा गठित सोसाइटी के किसी सदस्य के पद की छूट का उपबंध है, परंतु यह कि अध्यक्ष, निदेशक या 
उपरोक्त बोर्ड या निकाय का कोई सदस्य प्रतिकरात्मक भत्ते से भिन्न किसी अन्य पारिश्रमिक का हकदार नहीं होगा । 
13. दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र सरकार से प्राप्त प्रत्युत्तरों को ध्यान में रखते हुए उपरोक्त नोट किए गए अनुसार , यह 
स्पष्ट है कि रोगी कल्याण समिति दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र सरकार द्वारा गठित है और इसके अध्यक्ष किसी 
पारिश्रमिक के हकदार नहीं हैं और इसलिए अधिनियम की अनुसूची की मद 14 द्वारा प्रदान की गई छूट के अधीन हैं । 
निष्कर्ष 
14. उपरोक्त को दृष्टिगत रखते हुए यह विचार है कि जीएनसीटीडी के अस्पतालों में रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष का पद 
दिल्ली विधान सभा सदस्य (निरर्हता का हटाना) अधिनियम , 1997 की अनुसूची की मद 14 के अनुसार छूट प्राप्त प्रवर्ग में आता 
है और इसलिए इस आयोग की यह राय है कि प्रत्यर्थी लाभ का पद धारण करने के लिए निरहित नहीं हैं । यह नोट करना 
आवश्यक है कि यह एक स्थापित तथ्य है कि कुछ प्रत्यर्थियों को उक्त पद पर कभी भी नियुक्त नहीं किया गया है , यह निष्कर्ष कि 
उक्त पद छूट प्राप्त प्रवर्ग के अंतर्गत आता है, वैयक्तिक रूप से अनिरर्हता के कारण पर टिप्पणी करना निरर्थक करता है । 
ह./ ह./ 

ह./ 
सुनील अरोड़ा ओ. पी . रावत 

अशोक लवासा 
(निर्वाचन आयुक्त ) ( मुख्यनिर्वाचन आयुक्त ) 

(निर्वाचन आयुक्त ) 
स्थान: नई दिल्ली 
तारीख : 10.07. 2018 

[ फा . सं . एच -11026 / 2/ 2018- वि - II ] 

डॉ . रीटा वशिष्ट, अपर सचिव 


[ TT II - 005 3 ( ii) 


भारत का राजपत्र : असाधारण 


MINISTRY OF LAW AND JUSTICE 

(Legislative Department) 

NOTIFICATION 

New Delhi, the 25th October, 2018 
S.O . 5392(E ). — The following Order made by the President is published for general information : 

ORDER 

15th October, 2018 
Whereas Shri Vibhor Anand (hereinafter the “ Petitioner" ) has addressed a petition dated the June 21, 
2016 to the undersigned alleging that Ms. Alka Lamba and 26 other, Members of Delhi Legislative Assembly 
(hereinafter the “ Respondents ” ), have become subject to disqualification under section 15 ( 1 )( A ) of the 
Government of National Capital Territory of Delhi Act, 1991. 

And whereas the Petitioner has alleged that the following respondents , namely : 
( 1) Ms. Alka Lamba ( AC – 20 , Chandni Chowk) 
(2) Mr. Shiv Charan Goel ( AC – 25, Moti Nagar) 

Mr. Jagdeep Singh (AC – 28 , Hari Nagar ) 
(4) Ms. Bandana Kumari (AC - 14 , Shalimar Bagh ) 

Mr. Ajesh Yadav (AC – 5 , Badli) 
(6 ) Mr. S . K . Bagga (AC – 60 , Krishna Nagar ) 

Mr. Jitendra Singh Tomar (AC - 16 , Tri Nagar ) 

Mr. Rajesh Rishi (AC – 30 , Janakpuri) 
(9) Mr. Rajesh Gupta (AC – 17, Wazirpur) 
( 10 ) Mr. Ram Niwas Goel (AC – 62, Shahdara ) 
( 11 ) Mr. Vishesh Ravi (AC – 23 , Karol Bagh ) 
( 12 ) Mr. Jarnail Singh (AC - 27 , Rajauri Garden ) 
(13) Mr. Naresh Yadav (AC – 45 , Mehrauli) 
(14 ) Mr. Nitin Tyagi ( AC – 58 , LaxmiNagar ) 
(15) Mr. Ved Prakash (AC – 7 , Bawana ) resigned from membership of the Legislative Assembly in 

April, 2017, 
( 16 ) Mr. Somnath Bharti (AC - 43, Malviya Nagar ) 
(17) Mr. Pankaj Pushkar (AC – 3, Timarpur) 
( 18 ) Mr. Rajendra Pal Gautam ( AC - 63, Seemapuri ) 
( 19 ) Mr. Kailash Gehlot (AC – 35 , Najafgarh ) 
( 20 ) Mr. Hazari Lal Chouhan (AC – 24 , Patel Nagar) 
(21) Mr. Sharad Kumar Chauhan (AC – 1, Narela) 
(22 ) Mr. Madan Lal (AC – 42 , Kasturba Nagar) 
(23) Ms. Rakhi Birla (AC – 12, Mangolpuri) 
(24 ) Mr.Mohd. Ishraque (AC – 65 , Seelampur) 
( 25) Mr. Anil Kumar Bajpai (AC - 61, Gandhi Nagar) 
(26 ) Mr. Surender Singh (AC - 38 , Delhi Cantonment) 
(27 ) Mr. Mohinder Goyal (AC – 6 , Rithala ), 


THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY 


[PART II — SEC . 3( ii)] 


are liable to be disqualified for holding Office of Profit by occupying the office of Chairperson in Rogi 
Kalyan Samiti in Hospitals of the Government of National Capital Territory of Delhi (hereinafter referred to as 
“ GNCTD ” ) because in the capacity of Chairperson , these 27 MLAs are in a position to interfere in day -to - day 
administration of these hospitals. The Petitioner has submitted that Rogi Kalyan Samiti (hereinafter referred to 
as “ RKS” ) / Hospital Management Committees were introduced in 2005 under the National Rural Health 
Mission as a forum to improve the functioning and service provision in public health facilities, increase 
participation and enhance accountability . However , the Delhi Government through its executive /standing 
orders has approved the constitution of Rogi Kalyan Samiti in 2009 in all the Hospitals with Governing Body 
under the Chairmanship of the concerned area MLA (Member of the Legislative Assembly ) in violation of the 
mandate of scheme as the post of Chairperson of Rogi Kalyan Samiti can be held only by a Member of 
Parliament, Zila Panchyat President, District Magistrate or the Minister- in - Charge and the local area MLA can 
only be a normal member of the Governing Body as per the guideline for Rogi Kalyan Samiti . He has further 
submitted that on 12 .05 .2015 , the Minister for Health and Family Welfare , Government of Delhi - Mr. 
Satyendar Jain had issued directions to all Government Hospitals to provide office space to Chairperson of the 
Rogi Kalyan Samiti of each Hospital. 

And whereas the said petition was referred to the Election Commission of India seeking its opinion as 
required under section 15 of the Government of National Capital Territory of Delhi Act, 1991; 

And whereas , the Election Commission of India examined the matter and sought certain information 
from the Chief Secretary of the NCT of Delhi. The Secretary , Health and Family Welfare Department informed 
that as per the Order dated 22 .04 .2015 there were 28 and not 27 RKS , and further informed that the 
Chairperson of RKS was not entitled to any salary or emoluments or perks of any kind apart from office space 
in the Hospital concerned and has also elucidated on the nature of powers and functions of the Chairperson of 
RKS ; 

And whereas, the Delhi Members of Legislative Assembly (Removal of Disqualification ) Act, 1997 
provides for the removal of the disqualification arising out of holding ‘Office of Profit in respect of certain 
offices specified in the Schedule of the Act. Item 11 of the Schedule provides for the exemption for the office 
of the Chairman , Vice - Chairman and member of the Hospital Advisory Committee , Delhi. The GNCTD has 
submitted that the exemption applicable on Hospital Advisory Committee shall also be applicable on Rogi 
Kalyan Samiti as the two are the same thing having an organic connection so much so that the Rogi Kalyan 
Samiti has replaced the Hospital Advisory Committee and performs the same functions . However, it is highly 
pertinent to note that item 14 of the Schedule of the said Act provides for the exemption for the office of the 
Chairman , Director or Member of a statutory or non -statutory body or committee or corporation or society 
constituted by the Government of National Capital Territory of Delhi, provided that the Chairman , Director or 
Member of any of the aforesaid Board or Body shall not be entitled to any remuneration other than 
compensatory allowance. In view of the replies received from the Government of National Capital Territory of 
Delhi as noted above , it is clear that the Rogi Kalyan Samiti is constituted by the Government of National 
Capital Territory of Delhi and its Chairpersons are not entitled to any remuneration and would , therefore, fall 
under the exemption granted by item 14 of the Schedule of the Act . 

And whereas Election Commission of India , after examining the petition has given its opinion on July , 
10 , 2018 , opining, that Ms.Alka Lamba and 26 other Members of Delhi Legislative Assembly have not incurred 
any disqualification under section 15 (4 ) of the Government of National Capital Territory Act, 1991 for holding 
Office of Profit in view of item 14 of the Schedule of the DelhiMembers of Legislative Assembly (Removal of 
Disqualification ) Act , 1997 . A copy of the opinion of Election Commission of India dated 10th July , 2018 is 
annexed hereto ; 

Now , therefore, having considered the matter in the light of the opinion expressed by the Election 
Commission of India , I, Ram Nath Kovind , President of India , in exercise of the powers conferred upon me 
under section 15 (4 ) of theGovernment of National Capital Territory of Delhi Act, 1991, do hereby hold that the 
petition dated June 21, 2016 , filed by Shri Vibhor Anand , on the question of alleged disqualification of Ms. 
Alka Lamba and 26 other Members of Delhi Legislative Assembly, is not maintainable . 

President of India 


[ TT II - 005 3 ( ii) 


भारत का राजपत्र : असाधारण 


ANNEXURE TO THE ORDER OF THE PRESIDENT 
ELECTION COMMISSION OF INDIA 

NIRVACHAN SADAN 

ASHOKA ROAD , NEW DELHI- 110001 

REFERENCE CASE NO . 3 (P ) OF 2016 
[ REFERENCE FROM THE PRESIDENT OF INDIA UNDER SECTION 15 ( 4 ) OF THE GOVERNMENT OF NATIONAL 

CAPITAL TERRITORY OF DELHI ACT, 1991] 
IN REF : REFERENCE CASE NO. 3 ( P ) OF 2016 - REFERENCE RECEIVED FROM THE HON BLE PRESIDENT OF INDIA 

UNDER SECTION 15 (4 ) OF THE GOVERNMENT OF NATIONAL CAPITAL TERRITORY OF DELHI ACT, 1991 
SEEKING OPINION OF THE ELECTION COMMISSION OF INDIA ON THE QUESTION OF ALLEGED 
DISQUALIFICATION OF SMT. ALKA LAMBA AND 26 OTHERS, MEMBERS OF THE DELHI LEGISLATIVE 
ASSEMBLY, UNDER SECTION 15 ( 1 )(A ) OF THE GOVERNMENT OF NATIONAL CAPITAL TERRITORY OF DELHI 
ACT, 1991 FOR HOLDING OFFICE OF PROFIT BY OCCUPYING THE OFFICE OF CHAIRPERSON ÎN ROGI 
KALYAN SAMITI. 


OPINION 
This is a reference dated 11. 10 .2016 seeking opinion of the Election Commission of India , which was 
received from the Hon ble President of India on 14 . 10 . 2016 under Section 15 of the Government of 
National Capital Territory of Delhi Act, 1991 on the representation dated 21.06 .2016 filed by Shri 
Vibhor Anand , Old Rajendra Nagar, New Delhi (hereinafter referred to as “ the Petitioner ) , seeking 
disqualification of the following Members of the Delhi Legislative Assembly (hereinafter referred to as 
“ the Respondents ): 

(1) Ms. Alka Lamba (AC – 20 , Chandni Chowk ) 
(2) Mr. Shiv Charan Goel ( AC – 25, Moti Nagar) 

Mr. Jagdeep Singh (AC – 28 , Hari Nagar ) 
(4 ) Ms. Bandana Kumari (AC - 14 , Shalimar Bagh ) 

Mr. Ajesh Yadav (AC – 5, Badli) 
Mr. S . K . Bagga (AC – 60 , Krishna Nagar ) 

Mr. Jitendra Singh Tomar (AC - 16 , Tri Nagar ) 
(8 ) Mr. Rajesh Rishi (AC – 30, Janakpuri ) 
(9) Mr. Rajesh Gupta ( AC – 17 , Wazirpur ) 
( 10 ) Mr. Ram Niwas Goel (AC – 62 , Shahdara ) 
( 11 ) Mr. Vishesh Ravi (AC – 23 , Karol Bagh ) 
(12 ) Mr. Jarnail Singh ( AC - 27, Rajauri Garden ) 
( 13 ) Mr. Naresh Yadav (AC – 45, Mehrauli ) 
( 14 ) Mr. Nitin Tyagi (AC – 58 , Laxmi Nagar) 
( 15 ) Mr. Ved Prakash (AC – 7 , Bawana ) 
( 16 ) Mr. Somnath Bharti (AC - 43 , Malviya Nagar ) 
( 17 ) Mr. Pankaj Pushkar (AC – 3 , Timarpur) 
( 18 ) Mr. Rajendra Pal Gautam (AC - 63 , Seemapuri) 
(19 ) Mr. Kailash Gehlot (AC – 35 , Najafgarh ) 
( 20 ) Mr. Hazari Lal Chouhan (AC – 24 , Patel Nagar) 


1 Mr. Ved Prakash resigned from the Membership of the Legislative Assembly in April , 2017 . 


THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY 


[PART II — SEC. 3 (ii)] 


2 . 


( 21) Mr. Sharad Kumar Chauhan (AC – 1, Narela ) 
( 22 ) Mr. Madan Lal ( AC – 42 , Kasturba Nagar) 
( 23 ) Ms. Rakhi Birla (AC – 12 , Mangolpuri) 
( 24 ) Mr. Mohd . Ishraque (AC – 65 , Seelampur ) 
( 25 ) Mr. Anil Kumar Bajpai (AC – 61, Gandhi Nagar ) 
( 26 ) Mr. Surender Singh (AC - 38 , Delhi Cantonment) 
( 27 ) Mr.Mohinder Goyal (AC – 6 , Rithala ) 
The Petitioner has alleged that the above named Respondents are liable to be disqualified for holding 
‘Office of Profit by occupying the office of Chairperson in Rogi Kalyan Samiti in Hospitals of the 
Government of National Capital Territory of Delhi (hereinafter referred to as “GNCTD ” ) because in the 
capacity of Chairperson , these 27 MLAs are in a position to interfere in day -to - day administration of 
these hospitals. 
The Petitioner has submitted that Rogi Kalyan Samiti (hereinafter referred to as “RKS” ) / Hospital 
Management Committees were introduced in 2005 under the National Rural Health Mission as a forum 
to improve the functioning and service provision in public health facilities, increase participation and 
enhance accountability . However, the Delhi Government through its executive/ standing orders has 
approved the constituting of Rogi Kalyan Samiti in 2009 in all the Hospitals with Governing Body under 
the Chairmanship of the concerned area MLA (Member of the Legislative Assembly ) in violation of the 
mandate of scheme as the post of Chairperson of Rogi Kalyan Samiti can be held only by a Member of 
Parliament, Zila Panchyat President, District Magistrate or the Minister-in -Charge and the local area 
MLA can only be a normal member of the Governing Body as per the guideline for Rogi Kalyan Samiti. 
He has further submitted that on 12 .05 . 2015 , the Minister for Health & Family Welfare , Government of 
Delhi - Mr. Satyendar Jain had issued directions to all Government Hospitals to provide office space to 
Chairperson of the Rogi Kalyan Samiti of each Hospital. 
The Commission vide Notice dated 01. 11. 2016 called upon the Respondents to submit their written 
submissions and all but two of the Respondents filed their Written Statements on 11. 11 .2016 . In their 
Written Submissions 8 Respondents namely: Respondent No. 4 - Ms. Bandana Kumari , Respondent No. 
6 - Mr. S . K . Bagga , Respondent No . 7 - Mr. Jitendra Singh Tomar, Respondent No . 8 - Mr. Rajesh 
Rishi, Respondent No. 12 - Mr. Jarnail Singh , MLA from 29 -AC , Respondent No. 13 - Mr. Naresh 
Yadav , Respondent No. 17 - Mr. Pankaj Pushkar and Respondent No. 26 - Mr. Surender Singh , have 
submitted that they have never been appointed as chairperson of any Rogi Kalyan Samiti of any Hospital 
of GNCTD . Respondent Nos. 4 and 7 have also annexed a list of MLAs nominated as Chairman of Rogi 
Kalyan Samiti issued by the State Programme Manager, Delhi State Health Mission , as evidence in 
support of their submission . A perusal of this list shows that out of the two Respondents who have not 
filed their reply , i.e . Respondent No . 10 - Shri Ram Niwas Goel and Respondent No . 16 – Shri Somnath 
Bharti , the name of Respondent No. 10 also does not appear on the list. However, the name of 
Respondent No. 16 - Shri Somnath Bharti is there in the list despite which he did not submitted any 
reply . 
The Commission vide Letter No. 113 / 3 /ECI/LET/ FUNC /JUD /RCC / 2016 /550 dated 11. 11. 2016 sought 
certain information in this regard from the Chief Secretary of the NCT of Delhi. In reply to the 
Commission s query the Secretary , Health and Family Welfare Department, GNCTD responded , with the 
approval of the Chief Secretary, vide Letter bearing F . No. 1 (misc )/CTB /H & FW /2013 /Pt-II/3325 dated 
04 .01. 2017 wherein he has informed that as per the Order dated 22 .04. 2015 there were 28 and not 27 
RKS and he has supplied the said Order dated 22 . 04 .2015 . He has further stated that the Chairperson of 
RKS was not entitled to any salary or emoluments or perks of any kind apart from office space in the 
Hospital concerned and has also elucidated on the nature of powers and functions of the Chairperson of 


RKS . 


It is pertinent to note at this juncture that the perusal of the list of persons appointed as Chairpersons of 
RKS as supplied by GNCTD shows that the claim of Respondent No. 6 Shri S . K . Bagga that he was 
never appointed to the said post has proven to be false. Moreover, there were 9 other MLAs who were 
appointed to the said post of Chairperson of RKS however they were not named in the representation 
dated 21 .06 .2016 filed by the Petitioner . It is also pertinent to mention at this juncture that the Petitioner 


[ 9T1 II - 005 3 ( ii ) ] भारत का राजपत्र : असाधारण 

11 
submitted an Additional Application dated 30 .03. 2017 directly to the Commission wherein he prayed for 

changing the names of the persons as provided in his representation dated 21.06 .2016 . 
7 . After receipt of the reply dated 04.01.2017 from the GNCTD , the Commission made further inquiry vide 

Letter No . 113 / 3 / ECI/LET/ FUNC /JUD /RCC /2016 /666 dated 20 . 01 .2017 . The Secretary , Health and 
Family Welfare Department, GNCTD responded vide Letter bearing F . No. 1 (misc )/CTB /H & FW / 
2013 /Pt- II/ prsecyhtw /468 dated 01 .05 .2017 wherein it was stated that vide the Cabinet Decision dated 
05 . 10 .2009 the GNCTD approved the constitution of Rogi Kalyan Samiti to replace the Hospital 
Advisory Committee and it was specifically mentioned in the said Cabinet Decision that the Rogi Kalyan 
Samiti shall replace the Hospital Advisory Committee and with the formation of the Rogi Kalyan Samiti 
the Hospital Advisory Committee shall cease to exist which fact was also borne out from the Gazette 
Notification No. F - 3 /NRHM /Addl./GN /288/DSHM /09- 10 /646 dated 19 . 02.2010 vide which the Rogi 
Kalyan Samiti were set up . 
After receipt of the reply dated 01.05 .2017 from the GNCTD , the Commission made further inquiry vide 
Letter No. 113 / 3 /ECI/LET/ FUNC /JUD /RCC /2016 / 15 dated 26 .05 . 2017 . The Special Secretary , 
Department of Health and Family Welfare, GNCTD responded , with the approval of the concerned 
Secretary, vide Letter bearing F .No. 1 (Misc .)/CTB /H & FW /2013 /1706 dated 04 .09. 2017 wherein he has 
submitted that copy of the Government resolution constituting Hospital Advisory Committee is not 
available as the original file was not traceable . However, the GNCTD has informed about the 
composition and functioning of Hospital Advisory Committee on the basis of available records . 
After receipt of the reply dated 04 .09 .2017 from the GNCTD , the Commission made further inquiry vide 
Letter No. 113 /3 /ECI/LET/FUNC /JUD /RCC /2016 /526 dated 14 . 11. 2017 . The Special Secretary, 
Department of Health and Family Welfare , GNCTD responded to the same vide Letter bearing 
F .No. 1 (Misc.)/CTB /H & FW /2013 /29 - 31 dated 28 . 11.2017 wherein he has reiterated that copy of the 
Government resolution constituting Hospital Advisory Committee is not available as the original file was 

not traceable . 
ANALYSIS 
10 . The Commission has perused and considered the representation dated 21.06 . 2016 and the application 

dated 30 .03.2017 filed by the Petitioner and also the Reply filed by the Respondents on 11 . 11. 2016 and 
the information supplied by the GNCTD in line with the inquiries made by this Commission . 
As far as the Additional Application dated 30 .03 .2017 filed by the Petitioner is concerned , the same is 
liable to be dismissed as it attempts to expand the scope of the Reference by naming new Members of the 
Legislative Assembly in respect of which no reference has been received from the Hon ble President of 
India . 
The Delhi Members of Legislative Assembly (Removal of Disqualification ) Act, 1997 (hereinafter 
referred to as “ the Act” ) provides for the removal of the disqualification arising out of holding ‘Office of 
Profit in respect of certain offices prescribed in the Schedule of the Act. Item 11 of the Schedule 
provides for the exemption for the office of the Chairman , Vice -Chairman and member of the Hospital 
Advisory Committee . The GNCTD has submitted that the exemption applicable on Hospital Advisory 
Committee shall also be applicable on Rogi Kalyan Samiti as the two are the same thing having an 
organic connection so much so that the Rogi Kalyan Samiti has replaced the Hospital Advisory 
Committee and performs the same functions. However, it is very pertinent to note that a change in the 
nomenclature of the Office cannotbe read into the statute book by any tool of statutory interpretation and 
therefore it cannot be stated that the exemption available to Hospital Advisory Committee is also 
applicable to Rogi Kalyan Samiti. However, it is highly pertinent to note that item 14 of the Schedule of 
the Act provides for the exemption for the office of the Chairman , Director orMember of a statutory or 
non - statutory body or committee or corporation or society constituted by the Government of National 
Capital Territory of Delhi, provided that the Chairman , Director orMember of any of the aforesaid Board 
or Body shall not be entitled to any remuneration other than compensatory allowance . 
In view of the replies received from the Government of National Capital Territory of Delhi as noted 
above , it is clear that the Rogi Kalyan Samiti is constituted by the Government of National Capital 
Territory of Delhi and its Chairpersons are not entitled to any remuneration and would therefore fall 
under the exemption granted by item 14 of the Schedule of the Act. 


11. 


12 


THE GAZETTE OF INDIA : EXTRAORDINARY 


[ PART II — SEC . 3(ii)] 


CONCLUSION 
14 . In view of the above it is observed that the office of Chairperson in Rogi Kalyan Samiti in Hospitals of 

GNCTD falls under the exempted category as per item 14 of the Schedule of the Delhi Members of 
Legislative Assembly (Removal of Disqualification ) Act , 1997 and therefore this Commission opines 
that the Respondents are not disqualified for holding Office of Profit . It is pertinentto note that while it is 
an established fact that some of the Respondents have never been appointed to the said office , the finding 
that the said office falls under exempted category makes it redundant to comment on the cause of non 
disqualification individually . 


O . P . Rawat 


Ashok Lavasa 
( ELECTION COMMISSIONER ) 


(CHIEF ELECTION COMMISSIONER ) 


Sunil Arora 
(ELECTION COMMISSIONER ) 
Place : New Delhi 
Date : 10 .07.2018 


[F .No. H -11026 /2/2018 -Leg .II] 
Dr. REETA VASISHTA, Addl. Secy . 


Uploaded by Dte . of Printing at Government of India Press , Ring Road , Mayapuri, New Delhi- 110064 

and Published by the Controller of Publications , Delhi- 110054 . 


Digitally signed by 


54. ALOK 

KUMAR 


ALOK KUMAR 
Date: 2018 .10 .26 
10 :11 :08 + 05 30